आज योग दिवस है इस मौके पर पूरे देशभर में योगक्रिया समारोह का आयोजन किया जा रहा है। राज्य के मुख्यमंत्रियों से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक सभी इसमें इस हिस्सा ले रहें है। मगर देश के एक हिस्से बिहार में मातम छाया हुआ है। आलम ये है कि चमकी बुखार से शुक्रवार को भी मुजफ्फरपुर में 2 और बच्चों की जान चली गई, जो अब बढ़कर 155 हो गई है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कई दिनों बाद जागे है और अब अस्पतालों का दौरा कर रहें है। मगर मीडिया से दूरी बनाए हुए है। मासूम बच्चों की मौत ने सबको हिला कर रख दिया है हर कोई इन मौतों पर चिंता व्यक्त कर रहा है।

अभिनेता पंकज त्रिपाठी ने इस मामले पर अपनी चिंता व्यक्त की है। साथ ही उन्होंने कथित विकास पर सवाल भी उठाया है जिसमें उन्होंने ये भी कहा है कि क्या विकास का मतलब सिर्फ बड़ी ईमारत खड़ी कर देना होता है।

उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा- मुज़फ़्फ़रपुर की घटना ने अंदर तक झकझोर कर रख दिया है। बहुत विचलित महसूस कर रहा हूं। समझ नही आता किस किस को दोष दें। एक देश, एक राज्य, एक समाज और एक व्यक्ति हर स्तर पर हमारी असफलता है यह।

उन्होंने आगे लिखा – हम किस सदी में जी रहे हैं? आत्मा को गिरवी रख कर इमारते खड़ी कर लेना विकसित होना कैसे हो सकता है? सरकार, अधिकारी, सिस्टम, समाज, आप और हम सब को माफी मांगनी चाहिए बच्चों से।

बता दें कि बिहार में चमकी बुखार की वजह से करीब 150 बच्चों की मौत हो चुकी है। इस घटना के बाद ना सिर्फ सरकारी मशीनरी बल्कि सत्ता में बैठे नेताओं की बड़ी लापरवाही भी सामने आ चुकी है।

जनता और विपक्ष बीजेपी के गठबंधन वाली नीतीश सरकार से लगातार सवाल कर रहे हैं। लेकिन सरकार में शामिल लोग जनता के सवालों का जवाब देने के बजाए पीएम मोदी की डिनर पार्टी में मशगूल नज़र आ रहे हैं।